खेती में खेत की सतह का सही तरीके से समतल होना सिंचाई और फसल की समान स्थापना के लिए महत्वपूर्ण है। खेत में अधिक ऊंच-नीच होने पर पानी कुछ हिस्सों में ज्यादा और कुछ जगह कम पहुंच सकता है। ऐसे में लेजर लैंड लेवलर भूमि को अधिक सटीक तरीके से समतल करने वाली उपयोगी कृषि मशीन है।
लेजर लैंड लेवलर कैसे काम करता है?
इस तकनीक में लेजर ट्रांसमीटर, रिसीवर और नियंत्रण प्रणाली की मदद से खेत की ऊंचाई में अंतर को पहचाना जाता है। इसके बाद ट्रैक्टर से जुड़ा लेवलर ऊंचे हिस्सों की मिट्टी को काटकर आवश्यकतानुसार सतह को समतल करने में मदद करता है।
ICAR के अनुसार लेजर लैंड लेवलिंग से खेत में सिंचाई के पानी का समान वितरण, पानी के उपयोग की दक्षता और फसल की समान स्थापना में सुधार करने में मदद मिल सकती है।
किसानों को क्या फायदा हो सकता है?
समतल खेत में सिंचाई का प्रबंधन आसान हो सकता है और पानी के अनावश्यक नुकसान को कम करने में मदद मिल सकती है। ICAR ने इसे पानी, पोषक तत्व, श्रम और ऊर्जा के बेहतर उपयोग से जुड़ी resource-conservation technology के रूप में भी सूचीबद्ध किया है।
हालांकि वास्तविक बचत खेत की स्थिति, मिट्टी, फसल, सिंचाई पद्धति और मशीन के संचालन पर निर्भर करेगी।
मशीन खरीदने से पहले क्या देखें?
*ट्रैक्टर की HP और हाइड्रोलिक क्षमता।
*खेत का आकार और मिट्टी की स्थिति।
*मशीन की तकनीकी क्षमता।
*ऑपरेटर और सर्विस की उपलब्धता।
*स्थानीय स्तर पर Custom Hiring Centre की सुविधा।
छोटे किसान मशीन खरीदने के बजाय Custom Hiring Centre से किराये पर लेजर लेवलर लेने का विकल्प भी देख सकते हैं। ICAR के अनुसार इस तरह की सुविधा तकनीक को किसानों तक पहुंचाने में मदद कर सकती है।
निष्कर्ष: लेजर लैंड लेवलर खेत को अधिक समान बनाने और सिंचाई प्रबंधन को बेहतर करने में मदद कर सकता है। किसान अपनी जमीन, सिंचाई व्यवस्था और ट्रैक्टर की जरूरत के अनुसार इसका इस्तेमाल करें।



